सफलता की कहानी प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना से स्वरोजगार बने भगत सिंह कुशवाहा  सरकारी योजना और बैंक सहयोग से फेब्रिकेशन उद्योग स्थापित कर युवाओं को मिला रोजगार

सफलता की कहानी

 

प्रधानमंत्री रोजगार सृजन योजना से स्वरोजगार बने भगत सिंह कुशवाहा 

 

सरकारी योजना और बैंक सहयोग से फेब्रिकेशन उद्योग स्थापित कर युवाओं को मिला रोजगार

 

सागर ।प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम (PMEGP) का उद्देश्य ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में बेरोजगार युवाओं तथा पारंपरिक कारीगरों को स्वरोजगार के लिए प्रोत्साहित करना है। इस योजना के माध्यम से गैर-कृषि क्षेत्र में सूक्ष्म उद्यमों की स्थापना कर रोजगार के नए अवसर सृजित किए जा रहे हैं। यह योजना आज युवाओं के लिए आत्मनिर्भर बनने का सशक्त माध्यम सिद्ध हो रही है।

इस योजना से लाभान्वित हुए हितग्राही श्री भगत सिंह कुशवाहा ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि वे खिमलासा के निवासी हैं और 12वीं उत्तीर्ण हैं। पढ़ाई पूरी करने के बाद स्वावलंबी बनने के उद्देश्य से उन्होंने खुरई में एक वेल्डिंग वर्कशॉप में कार्य सीखना प्रारंभ किया। खुरई उनके निवास स्थान से लगभग 20 किलोमीटर दूर था। लगभग दो वर्षों तक कार्य अनुभव प्राप्त करने के बाद उन्होंने स्वयं की फेब्रिकेशन वर्कशॉप शुरू करने का निर्णय लिया।

 

उद्यम स्थापना के लिए पूंजी की आवश्यकता होने पर उन्होंने बैंक से संपर्क किया। बैंक प्रबंधक के सुझाव पर उन्होंने जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र से संपर्क किया, जहाँ खिमलासा क्षेत्र के सहायक प्रबंधक श्री के.बी. पटेल द्वारा प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी दी गई। आवश्यक दस्तावेजों एवं ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया के मार्गदर्शन के बाद उन्होंने आवेदन किया। प्रकरण परीक्षण उपरांत उनका आवेदन भारतीय स्टेट बैंक, खिमलासा (जिला सागर) को स्वीकृत हुआ, जिसकी सूचना उन्हें एसएमएस के माध्यम से प्राप्त हुई।

ऋण स्वीकृति से पूर्व उन्हें 10 दिवसीय उद्यमिता विकास प्रशिक्षण ऑनलाइन प्रदान किया गया, जिसमें उद्यमिता, लेखांकन, कराधान, विपणन एवं कौशल विकास की जानकारी मिली। उनका फेब्रिकेशन प्रोजेक्ट 20 लाख रुपये का था, जिसमें बैंक द्वारा मशीनरी हेतु 13 लाख रुपये एवं कच्चे माल हेतु 7 लाख रुपये के कोटेशन स्वीकृत किए गए। आवश्यक प्रक्रियाओं के बाद मशीनों की स्थापना की गई।

 

 श्री भगत सिंह कुशवाहा अपनी वर्कशॉप में अलमारी, पेटी, कूलर आदि का निर्माण कर रहे हैं तथा 8 कारीगरों को रोजगार उपलब्ध करा रहे हैं। उन्हें शासन से 7 लाख रुपये की सब्सिडी का लाभ भी प्राप्त हुआ है।

 

श्री कुशवाहा का कहना है कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम जैसे नए उद्यम स्थापित करने के इच्छुक युवाओं के लिए अत्यंत लाभकारी योजना है,