दस साल पहले जन धन के खुले खातों की केवाईसी कराने एसबीआई बैंक में लगी कतार। बंद हो रहे 2971 खाताधारकों को बैंक ने भेजें नोटिस। निशुल्क केवाईसी कराने बैंक में चार काउंटर खोले जानें की मांग।

शाहगढ़। बर्ष 2014 में खुले जन धन के खुले खातों से लेन देन करने एसबीआई ने अपने ग्राहकों को एसएमएस नोटिस भेजकर केवाईसी पूरी करने के लिए कहा है। अगर कोई ग्राहक केवाईसी नहीं कराता हैं तो उसके बैंक खाते के ट्रांजेक्शन (लेन-देन) को रोक दिया जाएगा। शाहगढ़ एसबीआई की शाखा ने जनधन के बंद हो रहे 2971 खातों की केवाईसी कराने रजिस्टर्ड डाक से सूचना भेजी। पेंशन, लाड़ली बहना, उज्ज्वला, किसान सम्मान निधि की राशि सहित अन्य कई योजनाओं से संबंधित राशि के बंद होने अथवा हितग्राही के खाते में जमा नहीं होने पर गांव गांव से बहुतायत संख्या में बुजुर्ग महिला, पुरुष, छात्र छात्राओं,का जमावड़ा एसबीआई बैंक के बाहर होने लगा, प्रतिदिन सुबह 7 बजे से बैंक के बाहर कतार में खड़े होकर बैक खुलने का इंतजार करते हुए देखा जा रहा है और गरीब बुजुर्ग खाताधारकों को खाता अपडेट कराने के लिए केवाईसी करवाने के लिए बैंक में घंटों लाइन लगाना पड़ रहा है। प्रतिदिन की भांति शुक्रवार को भारतीय स्टेट बैंक शाखा शाहगढ़ में कई बुजुर्ग पेंशनर महिला केवाईसी करवाने के लिए पहुंचे, जहां दिनभर उन्हे लाइन में लगने के बाद भी कई तो बैरंग हो गए। दूर दराज गांव गांव से आए बुजुर्ग, महिलाओं को भारी फजीहत का सामना करना पड़ रहा है।ग्राहकों का कहना था कि केवाईसी के लिए एक काउंटर बनाया गया है जिसपर भीड़ अधिक होने के कारण लोगों को घंटों लाइन में लगने के बाद कभी सर्वर डाउन तो कभी नियम बदलने का बहाना बता दिया जाता है। इसके चलते ग्राहकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मीडिया से रूबरू हुई बुजुर्ग महिला 67वर्षीय विमला विश्वकर्मा,68 वर्षीय कल्लो बाई बगरोही पिछले 7 दिन से बैंक आ रही हैं, उन्होनें बताया कि एक बार  आवेदन तैयार करवाने में करीब सौ रुपए खर्च आ रहे हैं, लाड़ली बहना गुड्डी बाई निवासी नरवा जैसी कई महिलाओं की स्थिति ऐसी ही है, वहीं बैंक में अव्यवस्था को लेकर कई ग्राहकों में नाराजगी दिखी। इस बावत शाखा प्रबंधक कमल यादव ने बताया कि रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) ने सभी बैंक अकाउंट के लिए केवाईसी दस साल में होना अनिवार्य बना दिया है, अधिकांश जन धन योजना के अंतर्गत खुले खाते बंद हो रहे हैं जिनकी केवाईसी आवश्यक है, एक केवाईसी करने में करीब बीस मिनट तक का समय लगता है, दिन भर में पचास केवाईसी पूरी करने की क्षमता है, लेकिन भीड़ ज्यादा होने से बैंक व्यवस्था भी बिगड़ने लगी है, अन्य कार्य भी प्रभावित होने लगे हैं।बैंक में स्टॉफ की भारी कमी है वर्तमान में 3 क्लर्क 2आफीसर है, सिक्योरिटी गार्ड और स्टॉफ की कमी को पूरा करने रीजनल मैनेजर को पत्र लिखा है।

....34 क्योक्स बैंक सभी का संचालन हो नगर में....

गांव में रहने वाले बुजुर्गो, महिलाओं, छात्र छात्राओं के सुविधा के लिए एसबीआई द्वारा करीब 34 क्योश्क बैंक के माध्यम से उन्हीं के गांव में लेन देन करने की सुविधा उपलब्ध कराई थी लेकिन संचालन शाहगढ़ में किया जा रहा है, इसी कारण से जन धन खातों में लेन देन बंद होने लगें या फिर लेन देन करने के लिए खाताधारकों को शाहगढ़ आना पड़ रहा है। शहर की एसबीआई बैंक में निशुल्क केवाईसी के लिए अतिरिक्त चार काउंटर खोले जानें , स्टॉफ, सुरक्षा गार्ड, मुहैया कराने के संबध में नगर के जनप्रतिनिधियों ने मांग रखी, इस संबंध में रीजनल मैनेजर सुनील कुमार सिंग ने खाताधारकों को केवाईसी कराने में आ रही समस्या का समाधान करने का आश्वासन देते हुए सभी क्योस्क शाखाओं के माध्यम से निशुल्क केवाईसी कराने के लिए ब्रांच मैनेजर को निर्देशित किया, और सभी जनप्रतिनिधियों, खाताधारकों, से सहयोग की अपेक्षा की।